कार टकराने के विवाद में युवती से अभद्रता का आरोप, पति से भी मारपीट; पुलिस कार्रवाई पर परिवार ने उठाए सवाल
पीड़ित परिवार का दावा- CCTV और वीडियो सौंपने के बावजूद सभी आरोपियों पर कार्रवाई नहीं हुई; पुलिस ने 2 आरोपियों की गिरफ्तारी की बात कही, तीसरे की जांच जारी।

जयपुर। रामनगरिया थाना क्षेत्र में 27 जून को कार टकराने के बाद हुए विवाद का मामला अब पुलिस कार्रवाई को लेकर चर्चा में है। पीड़ित परिवार ने आरोप लगाया है कि विवाद के दौरान युवती के साथ अभद्रता की गई और उसे जबरन कार में बैठाने की कोशिश की गई। बीच-बचाव करने पहुंचे उसके पति के साथ भी कथित तौर पर मारपीट की गई, जिसमें उसे गंभीर चोटें आईं।
परिवार का आरोप है कि घटना के करीब दो महीने बाद भी सभी आरोपियों के खिलाफ ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। परिजनों का कहना है कि पुलिस को घटना से जुड़े CCTV फुटेज, फोटो और वीडियो उपलब्ध करवाए गए थे, इसके बावजूद कार्रवाई को लेकर वे संतुष्ट नहीं हैं।
कार टकराने के बाद शुरू हुआ विवाद
पीड़िता के अनुसार 27 जून की शाम करीब 5:15 बजे वह अपनी भाभी के साथ तिलक नगर स्थित घर से जगतपुरा के एक सैलून जा रही थी। इसी दौरान जगतपुरा की सर्विस लेन में एक स्विफ्ट कार ने उनकी कार को साइड से टक्कर मार दी।
टक्कर के बाद दोनों पक्षों के बीच विवाद हो गया। पीड़िता का आरोप है कि इसी दौरान कुछ युवकों ने उसके साथ अभद्रता की। जब वह और उसकी भाभी घटना का वीडियो बनाने लगीं तो आरोपियों ने उनका मोबाइल छीनने की कोशिश की।
पीड़िता का आरोप है कि उसके दोनों हाथ पकड़े गए और उसके साथ हाथापाई की गई। उसे कथित तौर पर जबरन कार में बैठाने का प्रयास भी किया गया। विरोध करने पर उसके सिर पर हमला किए जाने का भी आरोप है।
पति को बुलाने के बाद बढ़ा विवाद
पीड़िता की ननद ने विवाद की जानकारी मिलने पर उसके पति को मौके पर बुलाया। परिवार का आरोप है कि पति के मौके पर पहुंचने के बाद दूसरे पक्ष के युवक ने अपने 7-8 साथियों को बुला लिया और उसके साथ मारपीट की।
परिवार के मुताबिक मारपीट में युवक के चेहरे पर फ्रैक्चर हुआ, एक दांत टूट गया और सिर पर टांके आए। उसकी आंख में भी गंभीर चोट लगने तथा क्लोट आने की बात परिवार की ओर से कही गई है।
शादी के तीन दिन बाद हुई घटना
परिजनों के अनुसार युवती की शादी घटना से महज तीन दिन पहले 23 जून को हुई थी। परिवार का कहना है कि शादी के बाद के कार्यक्रम चल रहे थे, लेकिन घटना के बाद परिवार में डर और तनाव का माहौल बन गया।
परिवार ने आरोप लगाया कि घटना के बाद से उन्हें आरोपियों की ओर से धमकियां भी मिल रही हैं। उनका दावा है कि केस दर्ज कराने पर उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई।
CCTV और वीडियो पुलिस को सौंपने का दावा
पीड़ित परिवार का कहना है कि घटना के बाद रामनगरिया थाने में शिकायत दर्ज करवाई गई और पुलिस को CCTV फुटेज, आरोपियों की फोटो तथा अन्य वीडियो भी उपलब्ध करवाए गए।
परिवार के मुताबिक पुलिस की कार्रवाई से संतुष्ट नहीं होने पर उन्होंने पुलिस कमिश्नर सचिन मित्तल के समक्ष शिकायत रखी। इसके बाद मामले की जांच एयरपोर्ट थाने को सौंपी गई।
पुलिस ने 2 आरोपियों की गिरफ्तारी की बात कही
एयरपोर्ट थानाधिकारी विनोद कुमार वर्मा के अनुसार मामले की जांच की गई है। पुलिस के मुताबिक तीन लोगों के खिलाफ अपराध प्रमाणित हुआ है और मामले में नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस ने बताया कि घटना के करीब 8 दिन बाद ओमप्रकाश शर्मा और उसके भाई सत्यनारायण शर्मा, निवासी टीलावाला, जगतपुरा को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस के अनुसार तीसरे व्यक्ति की भूमिका को लेकर जांच जारी है।
परिवार का आरोप- CCTV में दिख रहे 6 लोग
पीड़ित परिवार का आरोप है कि CCTV फुटेज में करीब छह लोग मारपीट करते दिखाई दे रहे हैं। परिवार का सवाल है कि यदि फुटेज में अधिक लोग नजर आ रहे हैं तो सभी के खिलाफ कार्रवाई क्यों नहीं की जा रही।
परिजनों ने पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच करने, CCTV फुटेज के आधार पर सभी संबंधित लोगों की भूमिका की जांच करने और परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।




