यूपी में बारिश-बाढ़ से हालात बिगड़े: 26 जिलों में बाढ़, 4 लाख लोग प्रभावित; 72 जिलों में बारिश का अलर्ट
26 जिलों में बाढ़ के हालात, करीब 4 लाख आबादी प्रभावित; शारदा, गंगा, घाघरा और सरयू का जलस्तर बढ़ा

लखनऊ/वाराणसी। उत्तर प्रदेश में मानसून अभी सक्रिय है और कई इलाकों में लगातार बारिश के चलते नदियां उफान पर हैं। प्रदेश के 26 जिलों में बाढ़ जैसे हालात बने हुए हैं, जबकि करीब 4 लाख लोग प्रभावित बताए गए हैं। पिछले 24 घंटे में बारिश और बाढ़ से जुड़े अलग-अलग हादसों में 4 लोगों की मौत की जानकारी सामने आई है।
सिद्धार्थनगर में बारिश के दौरान करीब 20 फीट लंबी दीवार महज कुछ सेकंड में गिर गई। वहीं लखीमपुर में शारदा नदी के कटान के चलते 24 घंटे में 7 मकान नदी में समा गए। चंदौली में तीन डैम ओवरफ्लो होने के बाद 2,270 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। बदायूं में गंगा का जलस्तर बढ़ने से पुल के ऊपर से पानी बहने लगा है।
चंदौली में तीन डैम ओवरफ्लो, 2,270 क्यूसेक पानी छोड़ा
चंदौली में बारिश के चलते मुसाखाड़, लतीफशाह और भैसोड़ा डैम ओवरफ्लो हो गए। तीनों डैम से कुल 2,270 क्यूसेक पानी नदियों में छोड़ा गया।
मुसाखाड़ डैम से 817 क्यूसेक, लतीफशाह से 1,416 क्यूसेक और भैसोड़ा डैम से 37 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। लतीफशाह डैम से पानी झरने की तरह बहता हुआ दिखाई दिया।
लखीमपुर में शारदा नदी का कटान तेज
लखीमपुर में शारदा नदी का कटान लगातार बढ़ रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक 24 घंटे के भीतर 7 मकान नदी में समा गए। नदी का बढ़ता जलस्तर और कटान आसपास के इलाकों के लिए चिंता का कारण बना हुआ है।
गोंडा में घाघरा-सरयू का जलस्तर फिर बढ़ा
गोंडा में चार दिन तक जलस्तर घटने के बाद मंगलवार सुबह से घाघरा और सरयू नदियों का पानी फिर बढ़ने लगा। नदी खतरे के निशान से महज 24 सेंटीमीटर नीचे बह रही है।
बैराजों से भी बड़ी मात्रा में पानी छोड़ा गया। गिरजा बैराज से 1,46,169 क्यूसेक, शारदा से 1,31,337 क्यूसेक, सरयू से 6,911 क्यूसेक और सहेली बैराज से 35,147 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। इसका असर तरबगंज और करनैलगंज तहसील क्षेत्रों में ज्यादा है। करीब 18 गांवों की 14 हजार आबादी बाढ़ से घिरी है और हजारों बीघा फसल डूबने की जानकारी है।
फर्रुखाबाद में गंगा-रामगंगा की दोहरी मार
फर्रुखाबाद के अमृतपुर क्षेत्र में करीब डेढ़ महीने से गंगा की बाढ़ का असर बना हुआ है। अब रामगंगा का जलस्तर बढ़ने से स्थिति और गंभीर हो गई है।
रामगंगा खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। अमैयापुर डिप पर करीब 3 फीट पानी बह रहा है। इसके बावजूद लोग जोखिम उठाकर आवागमन कर रहे हैं। कई गांवों में भी बाढ़ का पानी पहुंच गया है।
बदायूं में पुल के ऊपर पहुंचा गंगा का पानी
बदायूं के कादरचौक क्षेत्र में गंगा का जलस्तर बढ़ने से बाढ़ का खतरा फिर बढ़ गया है। भदरौल में पुल के ऊपर तक पानी पहुंच गया है, जिससे आवागमन प्रभावित हो रहा है।
कछला में गंगा का मीटरगेज 162.56 मीटर दर्ज किया गया, जबकि खतरे का निशान 162.40 मीटर बताया गया है।
बारिश से हादसे, बलिया और फर्रुखाबाद में मौतें
पिछले 24 घंटे में बारिश-बाढ़ से जुड़े हादसों में 4 मौतों की जानकारी है। बलिया में आकाशीय बिजली गिरने से दो युवकों की मौत हुई। बलरामपुर में एक किसान की जान गई, जबकि फर्रुखाबाद में बाढ़ के पानी में डूबने से 3 साल के बच्चे की मौत हो गई।
बलिया में पेड़ के नीचे खड़े युवकों पर गिरी बिजली
बलिया के भीमपुरा थाना क्षेत्र में तेज बारिश के दौरान चार युवक पेड़ के नीचे खड़े थे। इसी दौरान आकाशीय बिजली गिर गई। हादसे में रंजीत कुमार (32) और अनुराग कुमार की मौत हो गई, जबकि दो अन्य युवक झुलस गए।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अनुराग के हाथ में मोबाइल था और वह फोन पर बात कर रहा था। बिजली गिरने से उसका मोबाइल भी क्षतिग्रस्त हो गया।
फर्रुखाबाद में बाढ़ के पानी में डूबा 3 साल का बच्चा
फर्रुखाबाद के चैनगंज गांव में 3 वर्षीय प्रांशु की बाढ़ के पानी में डूबने से मौत हो गई। वह खेलते हुए मकान की छत पर पहुंच गया था। इसी दौरान संतुलन बिगड़ने से वह नीचे भरे पानी में गिर गया।
परिजनों ने काफी देर तक उसकी तलाश की। बाद में वह पानी में मिला। उसे राजेपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
सहारनपुर में शाकंभरी देवी मंदिर के पास नदी का बहाव तेज
सहारनपुर में मां शाकंभरी देवी मंदिर के पास गुजरने वाली बरसाती नदी का जलस्तर अचानक बढ़ गया। पानी का बहाव तेज होने के बाद पुलिस ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए निगरानी बढ़ा दी।
पुलिस ने लोगों से नदी के पास न जाने और तेज बहाव में उतरने का प्रयास नहीं करने की अपील की है।
नोएडा में सड़क करीब 3 फीट धंसी
नोएडा में विश्व भारती के पास एलिवेटेड रोड से उतरते समय सड़क का करीब 3 फीट हिस्सा धंस गया। सूचना मिलने के बाद सड़क को ब्लॉक कर दिया गया। प्राधिकरण के अधिकारियों के अनुसार मरम्मत का काम कराया जा रहा है।
मौसम विभाग ने 72 जिलों में जारी किया अलर्ट
लखनऊ के मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह के मुताबिक बंगाल की खाड़ी में एक सिस्टम बना हुआ है। इसके प्रभाव से अगले कुछ दिनों तक उत्तर प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में बारिश जारी रह सकती है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में बारिश की संभावना ज्यादा बताई गई है।
सितंबर के मौसम पूर्वानुमान के अनुसार पश्चिमी यूपी के अधिकांश हिस्सों में सामान्य से कम बारिश, जबकि दक्षिणी और पूर्वी यूपी में सामान्य से अधिक बारिश होने की संभावना बताई गई है। दक्षिणी और मध्य यूपी में बारिश सामान्य के आसपास रह सकती है।
गोरखपुर में अगले 3-4 दिन ऐसा रहेगा मौसम
गोरखपुर में मौसम में उतार-चढ़ाव जारी है। कभी धूप तो कभी बादल और हल्की ठंडी हवाओं के बीच उमस बनी हुई है।
मौसम वैज्ञानिक कैलाश पांडेय के अनुसार अगले 3-4 दिनों तक मौसम ऐसा ही रह सकता है। 18 सितंबर को गरज-चमक के साथ अच्छी बारिश होने की संभावना जताई गई है।
बाराबंकी में सरयू का कटान तेज
बाराबंकी में सरयू नदी का कटान भी तेज होने की जानकारी सामने आई है। वहीं गोंडा और अन्य बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में जलस्तर और आवागमन की स्थिति पर प्रशासन की नजर बनी हुई है।
लगातार बारिश और नदियों के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए लोगों को जलभराव वाले इलाकों और तेज बहाव से दूर रहने की सलाह दी जा रही है।




