अखिल भारतीय कालिदास समारोह में देशभर के 96 कलाकारों ने भेजे प्रस्ताव, कथक नृत्य की सबसे ज्यादा एंट्रियां
21 से 27 नवंबर तक होगा समारोह का आयोजन, गायन, वादन, नृत्य और नाटक सहित विभिन्न विधाओं में कलाकार देंगे प्रस्तुतियां

उज्जैन। अखिल भारतीय कालिदास समारोह में इस वर्ष देशभर के कलाकार अपनी प्रस्तुतियां देने के लिए उत्साहित हैं। आगामी 21 से 27 नवंबर तक आयोजित होने वाले समारोह में विभिन्न विधाओं में प्रस्तुतियां देने के लिए देशभर से 96 कलाकारों ने अपने प्रस्ताव भेजे हैं। इनमें सबसे अधिक 32 प्रस्ताव कथक नृत्य के हैं। सभी कलाकारों के प्रस्ताव भोपाल भेज दिए गए हैं। अब केंद्रीय समिति की बैठक में प्रस्तुतियों को लेकर अंतिम निर्णय लिया जाएगा।
परंपरा के अनुसार, देव प्रबोधिनी एकादशी के अवसर पर कालिदास समारोह का शुभारंभ किया जाता है। इस वर्ष भी समारोह के तहत गायन, वादन, शास्त्रीय नृत्य और नाटक सहित विभिन्न सांस्कृतिक विधाओं में देश के ख्यात कलाकारों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर मिलेगा।
कथक नृत्य के सबसे अधिक 32 प्रस्ताव
कालिदास संस्कृत अकादमी को इस वर्ष प्रस्तुतियों के लिए देश के विभिन्न राज्यों से कुल 96 प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। इनमें कथक नृत्य के 32 प्रस्ताव शामिल हैं। इसके अलावा कुचिपुड़ी, भरतनाट्यम, ओडिसी, मोहिनीअट्टम, मणिपुरी और लेझिम नृत्य के कलाकारों ने भी अपनी प्रस्तुतियों के लिए आवेदन भेजे हैं।
देश के विभिन्न राज्यों से कलाकारों ने दिखाई रुचि
समारोह में भाग लेने के लिए मध्य प्रदेश के विभिन्न शहरों के अलावा मणिपुर के इम्फाल, नई दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, रायपुर, पुणे और वाराणसी सहित कई शहरों से कलाकारों ने प्रस्ताव भेजे हैं। असम और हरियाणा के कलाकारों ने भी कथक नृत्य के लिए अपनी प्रविष्टियां भेजी हैं।
गायन विधा में उज्जैन के साथ पुणे, रीवा, ग्वालियर, बेंगलुरु, नई दिल्ली, इंदौर, कोलकाता और आंध्र प्रदेश के कलाकारों के प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। अन्य सांस्कृतिक विधाओं में भी देश के विभिन्न हिस्सों से कलाकारों ने समारोह में भाग लेने की इच्छा जताई है।
भोपाल में केंद्रीय समिति लेगी अंतिम निर्णय
कालिदास संस्कृत अकादमी के निदेशक डॉ. गोविंद गंधे के अनुसार, देशभर से प्राप्त सभी प्रस्ताव स्थानीय समिति के समक्ष रखे गए थे। इसके बाद सभी प्रस्ताव भोपाल भेज दिए गए हैं। अब केंद्रीय समिति की बैठक में कलाकारों की प्रस्तुतियों का चयन किया जाएगा। चयन के बाद समारोह में शामिल होने वाले कलाकारों की प्रस्तुतियों को अंतिम रूप दिया जाएगा।




