Welcome to भगवा हिन्दुस्तान   Click to listen highlighted text! Welcome to भगवा हिन्दुस्तान
business

अगस्त में रिटेल महंगाई बढ़कर 4.82% हुई: थोक महंगाई भी 9.92% पर पहुंची; चीन ने AI डेवलपमेंट धीमा करने की मांग को बताया अमेरिकी चाल

महंगाई के साथ AI को लेकर अमेरिका-चीन में बढ़ी तनातनी; इस सप्ताह 5 IPO में निवेश का मौका, बाजार और ईंधन कीमतों पर भी नजर

नई दिल्ली। अगस्त में देश में महंगाई से जुड़ी दो अहम तस्वीरें सामने आईं। अगस्त में खुदरा महंगाई दर बढ़कर 4.82% हो गई, जबकि जुलाई में यह 4.45% थी। वहीं थोक महंगाई भी बढ़कर 9.92% पर पहुंच गई। जुलाई में थोक महंगाई दर 9.78% थी।

महंगाई बढ़ने के पीछे खाद्य वस्तुओं, सब्जियों और ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी को प्रमुख कारण माना जा रहा है। इसके अलावा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर टेक्नोलॉजी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को लेकर अमेरिका और चीन के बीच बयानबाजी भी चर्चा में रही।

कल की बड़ी खबरें

  • अगस्त में खुदरा महंगाई बढ़कर 4.82% हुई।
  • थोक महंगाई 9.92% पर पहुंची।
  • चीन ने AI डेवलपमेंट धीमा करने की मांग को अमेरिकी रणनीति बताया।
  • इस सप्ताह 5 IPO में निवेश का मौका।
  • शेयर बाजार और पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर भी नजर रही।

1. आलू-प्याज महंगे होने से बढ़ी खुदरा महंगाई

अगस्त में आलू-प्याज समेत कई सब्जियों की कीमतों में बढ़ोतरी का असर खुदरा महंगाई पर पड़ा। अगस्त में CPI आधारित खुदरा महंगाई 4.82% रही, जबकि जुलाई में यह 4.45% थी।

महंगाई दर में लगातार बढ़ोतरी से घरेलू बजट पर दबाव बढ़ सकता है। खासकर खाने-पीने की चीजों के दाम बढ़ने का सीधा असर आम लोगों की रोजमर्रा की खरीदारी पर पड़ता है।

2. थोक महंगाई 9.92% पर पहुंची

अगस्त में थोक मूल्य सूचकांक यानी WPI आधारित महंगाई भी बढ़ी। यह जुलाई के 9.78% से बढ़कर 9.92% हो गई।

खाने-पीने की वस्तुओं, ईंधन, बिजली और मैन्युफैक्चरिंग से जुड़े उत्पादों की कीमतों में बढ़ोतरी का असर थोक महंगाई पर पड़ा।

आसान भाषा में समझें तो अगर किसी सामान की थोक कीमत पिछले साल अगस्त में ₹100 थी और महंगाई दर के प्रभाव को उसी स्तर पर समझें, तो उसकी कीमत करीब ₹109.92 के बराबर हो सकती है।

3. चीन ने AI डेवलपमेंट धीमा करने की मांग को बताया अमेरिकी चाल

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के विकास की रफ्तार को लेकर अमेरिका और चीन के बीच बयानबाजी तेज हो गई है।

एंथ्रोपिक के CEO डारियो अमोदेई ने AI डेवलपमेंट की रफ्तार को नियंत्रित करने की जरूरत बताई थी। उनका तर्क था कि AI से जुड़े संभावित खतरों से निपटने के लिए विकास की गति पर नियंत्रण जरूरी हो सकता है।

चीन ने इस तरह की मांग को अमेरिकी रणनीति बताया। चीनी मीडिया ने आरोप लगाया कि सुरक्षा के नाम पर AI विकास की रफ्तार कम करने की कोशिश अमेरिका के तकनीकी प्रभुत्व को बनाए रखने की रणनीति हो सकती है।

AI को लेकर दोनों देशों के बीच प्रतिस्पर्धा आने वाले समय में टेक्नोलॉजी, सेमीकंडक्टर, डेटा सेंटर और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर जैसे क्षेत्रों पर भी असर डाल सकती है।

4. इस सप्ताह 5 IPO में निवेश का मौका

प्राइमरी मार्केट में इस सप्ताह 5 कंपनियां IPO लेकर आ रही हैं। इनमें NSE, हीरो मोटर्स, SS रिटेल, जिंदल सुप्रीम और सोनासिलेक्शन शामिल हैं।

इन IPO के जरिए कंपनियां बाजार से बड़ी रकम जुटाने की तैयारी में हैं। इनमें NSE का इश्यू सबसे बड़ा बताया जा रहा है।

हालांकि, IPO में निवेश करने से पहले कंपनी का बिजनेस मॉडल, वैल्यूएशन, वित्तीय प्रदर्शन और जोखिम जरूर देखना चाहिए।

5. शेयर बाजार और पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर भी नजर

शेयर बाजार में हाल के कारोबार में उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। वैश्विक बाजारों के रुख, विदेशी निवेशकों की खरीद-बिक्री और घरेलू आर्थिक आंकड़ों का असर भारतीय बाजार पर पड़ रहा है।

वहीं पेट्रोल और डीजल की कीमतों में फिलहाल कोई बड़ा बदलाव नहीं हुआ है। कच्चे तेल की अंतरराष्ट्रीय कीमतों और रुपये की चाल का असर आगे ईंधन कीमतों पर पड़ सकता है।

दुनिया के टॉप-10 सबसे अमीर लोगों पर भी नजर

टेक्नोलॉजी और शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव का असर दुनिया के सबसे अमीर लोगों की संपत्ति पर भी पड़ता है। खासकर टेक कंपनियों के शेयरों में बदलाव के कारण अरबपतियों की नेटवर्थ में रोजाना बड़ा अंतर देखने को मिल सकता है।

शनिवार-रविवार और सोमवार को बाजार बंद रहा

शनिवार, रविवार और सोमवार को शेयर बाजार बंद रहने के कारण निवेशकों के लिए पिछले शुक्रवार के कारोबार के आंकड़े महत्वपूर्ण रहे। सोना-चांदी की कीमतों और शेयर बाजार की चाल पर भी निवेशकों की नजर रही।

पेट्रोल-डीजल और घरेलू गैस की कीमतें

पेट्रोल, डीजल और घरेलू LPG की कीमतें आम लोगों के बजट पर सीधा असर डालती हैं। पेट्रोल-डीजल की कीमतों में बदलाव से परिवहन लागत प्रभावित होती है, जिसका असर कई वस्तुओं की कीमतों पर भी पड़ सकता है।

एक नजर में

खबर मुख्य आंकड़ा/जानकारी
खुदरा महंगाई 4.82%
जुलाई खुदरा महंगाई 4.45%
थोक महंगाई 9.92%
जुलाई थोक महंगाई 9.78%
इस सप्ताह IPO 5
प्रमुख AI विवाद अमेरिका-चीन

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!
Click to listen highlighted text!