मानसून सत्र के आखिरी दिन लोकसभा सिर्फ एक मिनट चली, वंदे मातरम के बाद कार्यवाही स्थगित
वंदे मातरम के बाद कार्यवाही स्थगित

नई दिल्ली, 12 अगस्त: मानसून सत्र के आखिरी दिन लोकसभा की कार्यवाही महज एक मिनट चली। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सदन में वंदे मातरम का गायन कराया और इसके तुरंत बाद कार्यवाही को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया। इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह समेत पूरी केंद्रीय कैबिनेट और विपक्ष के नेता राहुल गांधी भी सदन में मौजूद रहे। सत्र के दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच विभिन्न मुद्दों को लेकर लगातार टकराव देखने को मिला और संसद के बाहर भी दोनों पक्षों के सांसदों ने प्रदर्शन किया। विपक्षी सांसदों ने जंतर-मंतर पर छात्रों के प्रदर्शन के दौरान पुलिस कार्रवाई और राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी जैसे मुद्दों को लेकर सरकार को घेरा, जबकि एनडीए सांसद झारखंड में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में प्रदर्शन करते नजर आए। संसद परिसर में गुरुवार को दोनों पक्षों के सांसद आमने-सामने भी आए और नारेबाजी हुई। विपक्षी सांसद मंकी टॉय लेकर भी संसद परिसर में पहुंचे। राज्यसभा की कार्यवाही हालांकि जारी रही, जहां कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने उत्तराखंड के हल्द्वानी में उनके कार्यक्रम के बाद कथित शुद्धिकरण की घटना का मुद्दा उठाया। मानसून सत्र में लोकसभा की कुल 19 बैठकें हुईं। सदन की निर्धारित कार्य अवधि के आधार पर करीब 114 घंटे की कार्यवाही होनी थी, लेकिन सदन करीब 17 घंटे 30 मिनट ही चल सका। इस तरह लगभग 96 घंटे 30 मिनट की कार्यवाही हंगामे और अन्य कारणों से नहीं हो सकी। आंकड़ों के मुताबिक 2025 का मानसून सत्र 21 जुलाई से 21 अगस्त तक चला था, जिसमें लोकसभा और राज्यसभा की 21-21 बैठकें हुई थीं और लोकसभा में करीब 37 घंटे कार्यवाही हुई थी। इस बार सत्र के अंतिम दिन लोकसभा की कार्यवाही का सिर्फ एक मिनट चलना संसद में जारी राजनीतिक गतिरोध की तस्वीर को सामने लाता है।




