जीमने नहीं बुलाया तो चुनाव में हार का आरोप: बाड़ेबंदी में मनाई शादी की 50वीं सालगिरह; सभापति का पर्चा भरते ही गुल हुई बिजली
अलवर में हारे पति-पत्नी ने सोशल मीडिया पोस्ट में लगाया आरोप; नीमकाथाना में कांग्रेस प्रत्याशी की बाड़ेबंदी के दौरान मनाई गई सालगिरह, किशनगढ़ में नामांकन के समय बिजली गुल होने से मोबाइल टॉर्च में जांचा गया पर्चा

राजस्थान के हालिया निकाय चुनावों के बाद राजनीतिक हलचल के बीच कई दिलचस्प घटनाएं चर्चा में हैं। अलवर में पति-पत्नी प्रत्याशियों की हार के बाद सोशल मीडिया पर वरिष्ठ नेताओं को पारिवारिक कार्यक्रम में नहीं बुलाने को हार से जोड़ने वाला आरोप सामने आया। सीकर के नीमकाथाना में प्रत्याशियों की बाड़ेबंदी के दौरान एक कांग्रेस प्रत्याशी की शादी की 50वीं सालगिरह मनाई गई। वहीं किशनगढ़ में सभापति पद के नामांकन के दौरान बिजली चली गई और मोबाइल फोन की टॉर्च की रोशनी में नामांकन पत्र की जांच की गई।
अलवर में पति-पत्नी दोनों हारे
अलवर नगर निगम के वार्ड 23 से सुमन चौधरी और वार्ड 28 से सीताराम चौधरी चुनाव मैदान में थे। उपलब्ध चुनावी रिकॉर्ड के अनुसार वार्ड 23 में कांग्रेस के रवि कपूर विजयी रहे और सुमन चौधरी को 579 वोट मिले। वार्ड 28 में कांग्रेस के रितेश सैनी विजयी रहे, जबकि सीताराम चौधरी को 1,105 वोट मिले।
चुनाव परिणाम के बाद सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में यह आरोप लगाया गया कि पार्टी के वरिष्ठ नेताओं को पारिवारिक कार्यक्रम में भोजन के लिए आमंत्रित नहीं करने की वजह से उन्हें चुनाव में नुकसान हुआ। पोस्ट को बाद में हटा दिया गया और भावावेश में पोस्ट किए जाने की सफाई दिए जाने की बात भी सामने आई।
यह आरोप संबंधित प्रत्याशियों की ओर से लगाया गया था; इसे चुनावी हार का स्थापित कारण नहीं माना जा सकता।
नीमकाथाना में बाड़ेबंदी के दौरान 50वीं सालगिरह
सीकर जिले के नीमकाथाना में कांग्रेस प्रत्याशियों की बाड़ेबंदी के दौरान वार्ड 24 की प्रत्याशी रेवती देवी और उनके पति जगदीश सैनी की शादी की 50वीं सालगिरह मनाई गई।
उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, होटल में आयोजित कार्यक्रम में केक काटा गया और गीत-संगीत का आयोजन हुआ। विधायक सुरेश मोदी समेत पार्टी के अन्य नेता और प्रत्याशी भी इस दौरान मौजूद रहे।
समारोह में रेवती देवी और जगदीश सैनी ने एक-दूसरे को माला पहनाई और डांस भी किया। बाड़ेबंदी के दौरान आयोजित इस कार्यक्रम की तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा में रहे।
किशनगढ़ में नामांकन के दौरान बिजली गुल
अजमेर जिले के किशनगढ़ में सभापति पद के नामांकन के दौरान बिजली चली गई। नामांकन प्रक्रिया के दौरान अधिकारी के सामने अंधेरा होने पर पत्रकारों और मौजूद लोगों ने मोबाइल फोन की टॉर्च और कैमरों की लाइट का इस्तेमाल किया।
इसी रोशनी में नामांकन पत्र की जांच की गई। इसके बाद प्रत्याशी और विधायक फोटो सेशन के लिए बाहर आए।
किशनगढ़ नगर परिषद के सभापति पद के लिए भाजपा ने राजकुमार बड़जात्या और कांग्रेस ने मोहित खंडेलवाल को प्रत्याशी बनाया है।
घटना के बाद विधायक की ओर से सभागार में बिजली व्यवस्था और जनरेटर की उपलब्धता को लेकर सवाल उठाए गए। उन्होंने कहा कि यदि सभापति पद के नामांकन के दौरान बिजली व्यवस्था प्रभावित हो सकती है तो आम नागरिकों को किस तरह की दिक्कतों का सामना करना पड़ता होगा।
निकाय चुनाव के बाद जारी है राजनीतिक गतिविधियां
राजस्थान के निकाय चुनाव परिणामों के बाद कई नगर निकायों में बोर्ड गठन और सभापति/मेयर पद को लेकर राजनीतिक गतिविधियां जारी हैं। अलवर नगर निगम में भाजपा ने 28, कांग्रेस ने 23 और निर्दलीय प्रत्याशियों ने 13 वार्डों में जीत दर्ज की है, जबकि एक सीट अन्य के खाते में गई। किसी एक दल को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला है।
इसी तरह किशनगढ़ समेत कई निकायों में सभापति पद के चुनाव को लेकर दोनों प्रमुख दलों के बीच समर्थन जुटाने की कवायद जारी है।




