CBI का दावा- NEET पेपर लीक साजिश महीनों पहले हुई: NTA एक्सपर्ट्स पेपर तैयार करते समय सवाल याद कर लेते थे, छात्रों तक वॉट्सएप-टेलीग्राम से पहुंचा
छात्रों तक वॉट्सएप-टेलीग्राम से पहुंचा
आरोपी पी.वी. कुलकर्णी और शिवराज मोटेगांवकर को 8 जुलाई को दिल्ली के राउज एवेन्यू कोर्ट में पेश किया गया था।NEET-UG 2026 पेपर लीक मामले में साजिश परीक्षा से कई महीने पहले ही रची गई थी। CBI ने दिल्ली के राउज एवेन्यू कोर्ट में दाखिल 94 पेज की चार्जशीट में यह बड़ा दावा किया है। चार्जशीट 28 जुलाई को दाखिल की गई थी, जिसकी जानकारी शुक्रवार को सामने आई।CBI के अनुसार, NTA के कुछ विशेषज्ञों ने पेपर तैयार करने की प्रक्रिया के दौरान ही प्रश्नों को याद कर लिया था। इसके बाद वे NTA कार्यालय से होटल लौटकर उन सवालों को पर्चियों पर लिख लेते थे। आगे चलकर इन्हीं सवालों को बिचौलियों और कोचिंग नेटवर्क के जरिए छात्रों तक पहुंचाया गयाएजेंसी का यह भी आरोप है कि लीक किए गए प्रश्नपत्रों को टेलीग्राम, वॉट्सएप, PDF फाइलों और अन्य डिजिटल माध्यमों के जरिए बड़े पैमाने पर फैलाया गया।CBI ने इस मामले में कुल 13 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की है, जिनमें NTA के तीन विशेषज्ञ भी शामिल हैं। एजेंसी का कहना है कि इन तीनों ने पेपर तैयार करने और मॉडरेशन की प्रक्रिया के दौरान अपने पद का दुरुपयोग करते हुए परीक्षा प्रश्नपत्र लीक किए।



