चार दशक बाद बदलेगा पटना का मौर्यालोक, 1209 करोड़ से बनेगा आधुनिक हाईटेक कॉम्प्लेक्स
मौर्यालोक और बाजार समिति के कायाकल्प की तैयारी, बहुमंजिला भवनों के साथ दुकान, ऑफिस, वेयरहाउस और कोल्ड स्टोरेज जैसी आधुनिक सुविधाएं विकसित करने की योजना।

पटना के प्रमुख व्यावसायिक केंद्र मौर्यालोक कॉम्प्लेक्स और बाजार समिति का आने वाले वर्षों में पूरी तरह नया स्वरूप देखने को मिल सकता है। पटना नगर निगम ने दोनों परिसरों के पुनर्विकास की योजना तैयार की है और डीपीआर तैयार करने के लिए एजेंसी का चयन भी किया जा चुका है। प्रस्ताव के मुताबिक करीब चार दशक पुराने मौर्यालोक की पुरानी और जर्जर संरचनाओं को हटाकर आधुनिक बहुमंजिला कॉम्प्लेक्स विकसित किया जाएगा, जिस पर लगभग 1209.37 करोड़ रुपए खर्च होने का अनुमान है। नए परिसर में बेहतर दुकानें, ऑफिस और नागरिक सुविधाओं के साथ आधुनिक आधारभूत ढांचा विकसित करने पर जोर रहेगा। हालांकि परियोजना की अंतिम लागत और निर्माण का वास्तविक स्वरूप डीपीआर तैयार होने के बाद ही स्पष्ट होगा। दूसरी ओर, करीब 100.28 एकड़ में फैली पटना बाजार समिति के पुनर्विकास के लिए लगभग 2983.63 करोड़ रुपए खर्च होने का अनुमान है। यहां करीब चार मंजिला आधुनिक वेयरहाउस विकसित करने की योजना है, जिसके निचले हिस्से में दुकानें, कोल्ड स्टोरेज और कार्यालय जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने का प्रस्ताव है। इससे व्यापारियों को सामान के भंडारण और कारोबार से जुड़ी गतिविधियों के लिए बेहतर सुविधाएं मिलने की उम्मीद है। दोनों परियोजनाओं को अर्बन चैलेंज फंड के तहत पूरा करने की योजना है, जिसमें प्रस्ताव के अनुसार 50 प्रतिशत राशि नगर निगम बाजार आधारित वित्तीय संसाधनों से जुटाएगा, जबकि 25-25 प्रतिशत केंद्र और राज्य सरकार से सहायता के रूप में मिलने की योजना है। आगे बढ़ने से पहले परियोजनाओं को पटना नगर निगम की सशक्त स्थायी समिति और नगर निगम बोर्ड से मंजूरी दिलाई जाएगी, जिसके बाद प्रस्ताव नगर विकास एवं आवास विभाग को भेजा जाएगा। डीपीआर अक्टूबर तक तैयार होने की उम्मीद है और इसके बाद परियोजनाओं की लागत, डिजाइन और सुविधाओं की विस्तृत तस्वीर सामने आएगी।



