रांची में आज से बिना ट्रेड लाइसेंस चल रहे कोचिंग सेंटरों पर कार्रवाई, 18 संस्थान होंगे सील
नगर निगम की जांच में 70 में से 18 कोचिंग सेंटरों के पास नहीं मिला वैध लाइसेंस, कागजात नहीं देने पर सीलिंग का आदेश

रांची में बिना वैध म्यूनिसिपल ट्रेड लाइसेंस के संचालित हो रहे कोचिंग सेंटरों और लाइब्रेरी पर नगर निगम ने सख्त कार्रवाई शुरू करने का फैसला लिया है। नगर आयुक्त सुशांत गौरव के निर्देश पर शहर में चल रहे कोचिंग संस्थानों की जांच कराई गई थी, जिसमें कुल 70 सेंटरों की जांच के दौरान 18 संस्थानों के पास वैध ट्रेड लाइसेंस नहीं पाया गया। जांच के बाद इन संस्थानों के संचालकों को कोचिंग सेंटर चलाने से संबंधित जरूरी दस्तावेज नगर निगम के समक्ष जमा कराने का निर्देश दिया गया था, लेकिन तय समय के बावजूद 18 संचालकों ने आवश्यक कागजात उपलब्ध नहीं कराए। इसके बाद नगर निगम ने इन संस्थानों को सील करने का आदेश जारी कर दिया है और बुधवार से निगम की टीम मौके पर पहुंचकर सीलिंग की कार्रवाई शुरू करेगी। जांच में द ब्लैकबोर्ड, एमबीए एचीवर्स, नेशनल क्लैट एकेडमी, ग्रैविटी एजुकेशन, मास्टर माइंड्स, पेजेस लाइब्रेरी, एकेएस एकेडमी और डीसीयूबीई क्लासेज समेत कई संस्थानों के नाम सामने आए हैं। नगर निगम की कार्रवाई का आधार झारखंड नगरपालिका अधिनियम में मौजूद प्रावधान हैं, जिसके तहत आवासीय या व्यावसायिक परिसर में बिना वैध ट्रेड लाइसेंस के व्यावसायिक गतिविधि संचालित करना नियमों का उल्लंघन माना जाता है। निगम का कहना है कि शहर के कई रिहायशी इलाकों में बड़ी संख्या में कोचिंग संस्थान और लाइब्रेरी संचालित हो रहे हैं, लेकिन इनमें से कई संस्थानों द्वारा जरूरी अनुमति और सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया जा रहा है। कोचिंग सेंटरों में बड़ी संख्या में छात्र एक साथ मौजूद रहते हैं, इसलिए भवन की सुरक्षा, प्रवेश-निकास व्यवस्था, अग्नि सुरक्षा और अन्य जरूरी मानकों का पालन भी महत्वपूर्ण है। नगर निगम की जांच और अब शुरू होने वाली सीलिंग कार्रवाई से ऐसे संस्थानों पर दबाव बढ़ेगा, जो बिना जरूरी लाइसेंस के व्यावसायिक गतिविधियां चला रहे हैं। निगम की ओर से स्पष्ट किया गया है कि जिन संस्थानों ने निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवश्यक दस्तावेज जमा नहीं किए हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। शहर में कोचिंग संस्थानों के संचालन को लेकर यह कार्रवाई आने वाले दिनों में और व्यापक हो सकती है।



