सिरसा में कांग्रेस ने सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ निकाला जुलूस, पुतला दहन कर जताया विरोध; तीनों विधायक नहीं पहुंचे
सिरसा में पूर्व मंत्री बीरेंद्र सिंह की अगुवाई में कांग्रेस ने कथित वोट चोरी के मुद्दे पर भाजपा सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ जुलूस निकालकर पुतला दहन किया। प्रदर्शन में जिले के तीनों विधायक शामिल नहीं हुए।

सिरसा। हरियाणा के सिरसा में कथित वोट चोरी के मुद्दे पर कांग्रेस ने गुरुवार को भाजपा सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। पूर्व मंत्री बीरेंद्र सिंह के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस भवन से अंबेडकर चौक तक पैदल रोष मार्च निकाला और पुतला दहन कर अपना विरोध जताया। प्रदर्शन में जिले के तीनों कांग्रेस विधायक शामिल नहीं हुए, जिसको लेकर राजनीतिक चर्चाएं तेज हो गईं।
कांग्रेस भवन से अंबेडकर चौक तक निकाला मार्च
प्रदर्शन के लिए कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता सुबह करीब 10:30 बजे लघु सचिवालय परिसर में पहुंचने लगे। इसके बाद कांग्रेस भवन से अंबेडकर चौक तक पैदल जुलूस निकाला गया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने कथित वोट चोरी और मतदाता सूची से नाम काटे जाने के मुद्दे को उठाते हुए भाजपा सरकार तथा चुनाव आयोग के खिलाफ नारेबाजी की। बाद में दोनों के पुतले जलाकर विरोध जताया गया।
प्रदर्शन में नहीं पहुंचे सिरसा जिले के तीनों विधायक
इस प्रदर्शन में सिरसा से विधायक गोकुल सेतिया, कालांवाली से विधायक शीशपाल कहरवाला और ऐलनाबाद से विधायक भरत सिंह बेनीवाल शामिल नहीं हुए। रिपोर्ट के अनुसार, शीशपाल कहरवाला की ड्यूटी फतेहाबाद में आयोजित प्रदर्शन में लगी थी।
वहीं, गोकुल सेतिया ने सिरसा में प्रदर्शन की जिम्मेदारी सौंपे जाने को लेकर पहले सोशल मीडिया पोस्ट और वीडियो के जरिए अपनी नाराजगी जताई थी। इस मुद्दे पर पूर्व मंत्री बीरेंद्र सिंह ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा, ”आ गया ना, देख लिया।” विधायक गोकुल सेतिया से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनकी ओर से जवाब नहीं मिला।
बीरेंद्र सिंह बोले- एक मौका दे दो, दो लाख लोग जुटाकर दिखाऊंगा
प्रदर्शन में कम भीड़ जुटने और विधायकों की गैरमौजूदगी को लेकर पूछे गए सवाल पर पूर्व मंत्री बीरेंद्र सिंह ने कहा कि प्रदर्शन में वही लोग आए हैं, जो कांग्रेस के साथ हैं। उन्होंने कहा कि उन्हें एक मौका दिया जाए, वह दो लाख लोगों को जुटाकर दिखा देंगे। ऐसा नहीं कर पाए तो राजनीति छोड़ देंगे।
कांग्रेस की लगातार चुनावी हार और भाजपा की जीत को लेकर पूछे गए सवाल पर उन्होंने कहा कि अगले चुनाव तक कांग्रेस का स्वरूप ही बदल जाएगा।
सांसद कुमारी सैलजा से हुई थी बातचीत
बीरेंद्र सिंह ने बताया कि प्रदर्शन को लेकर उनकी सांसद कुमारी सैलजा से बातचीत हुई थी। उनके मुताबिक, सैलजा ने बताया कि वह सोनीपत में हैं और सिरसा में जिलाध्यक्ष व कार्यकर्ताओं के साथ प्रदर्शन को सफल बनाया जाए।
पूर्व मंत्री ने कहा कि वोट चोरी के मुद्दे पर पूरा विपक्ष अपनी आवाज उठा रहा है और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ आमजन का सहयोग भी जरूरी है।
चुनाव आयोग की भूमिका पर उठाए सवाल
बीरेंद्र सिंह ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और चुनाव आयोग की भूमिका पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि सही मतदाताओं के नाम गलत तरीके से काटे गए हैं और इससे लोगों के मतदान के अधिकार प्रभावित हुए हैं।
उन्होंने कहा कि यदि विपक्ष मतदाताओं के अधिकारों के मुद्दे पर आवाज नहीं उठाएगा, तो लोकतंत्र के सामने खतरा पैदा हो सकता है। ये आरोप कांग्रेस नेता की ओर से लगाए गए हैं। इस संबंध में चुनाव आयोग का पक्ष उपलब्ध नहीं है।
पार्टी में बदलाव को लेकर भी दिया बयान
पूर्व सांसद बृजेंद्र सिंह और विधायक गोकुल सेतिया के बीच विवाद से जुड़े सवाल पर बीरेंद्र सिंह ने कहा कि यदि किसी को पार्टी में बदलाव करना है, तो उसे पहले से ही इसकी तैयारी कर लेनी चाहिए।
गौरतलब है कि कथित वोट चोरी के मुद्दे पर कांग्रेस का यह दूसरा प्रदर्शन बताया गया है। इससे पहले ऐलनाबाद विधायक भरत सिंह बेनीवाल के नेतृत्व में भी प्रदर्शन किया गया था।



