Panipat में फर्जी दस्तावेज बनाने वाले गिरोह का भंडाफोड़, चार CSC संचालकों पर FIR
हरियाणा के Panipat में वार्ड-6 की भाजपा पार्षद कोमल पांचाल के नाम और पद की फर्जी मोहर व हस्ताक्षर का इस्तेमाल कर सरकारी दस्तावेज तैयार करने वाले एक बड़े गिरोह का खुलासा हुआ है। पार्षद की शिकायत पर पुलिस ने चार नामजद आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

निवास प्रमाण पत्र की फाइलों से हुआ खुलासा
पार्षद कोमल पांचाल ने बताया कि 13 मार्च को नूरवाला स्थित एक कंप्यूटर सेंटर संचालक 5-6 फाइलें लेकर उनके पास आया। ये फाइलें हरियाणा निवास प्रमाण पत्र बनवाने से संबंधित थीं।
जब उन्होंने फाइलों की जांच की तो पाया कि उन पर पहले से ही उनके नाम की मोहर और हस्ताक्षर लगे हुए थे, जबकि उन्होंने कभी उन दस्तावेजों पर साइन नहीं किए थे।
फर्जी मोहर और जाली हस्ताक्षर का इस्तेमाल
पार्षद ने अपने स्तर पर जांच की तो एक कथित गिरोह का खुलासा हुआ। शिकायत के अनुसार सतपाल नामक व्यक्ति आवेदकों को लेकर अलग-अलग CSC केंद्रों पर जाता था, जहां फर्जी दस्तावेज तैयार किए जाते थे।
आरोप है कि आरोपी पार्षद की नकली मोहर और जाली हस्ताक्षर लगाकर दस्तावेजों को ऑनलाइन पोर्टल पर अपलोड कर देते थे।
CSC संचालकों की मिलीभगत का आरोप
शिकायत में कमलजीत कौर (CSC संचालक, नूरवाला), सौरव (CSC संचालक, तहसील कैंप) और शर्मा (CSC संचालक, नगर निगम के पास) के नाम शामिल हैं।
पार्षद ने आरोप लगाया कि ये सभी आपसी मिलीभगत से सरकारी दस्तावेजों में फर्जीवाड़ा कर रहे थे।
लंबे समय से सक्रिय होने की आशंका
कोमल पांचाल ने आशंका जताई कि यह गिरोह काफी समय से सक्रिय हो सकता है और पहले भी कई लोगों के प्रमाण पत्र फर्जी हस्ताक्षरों के जरिए बनाए गए होंगे।
उन्होंने कहा कि यह केवल जनप्रतिनिधि के पद का दुरुपयोग नहीं, बल्कि सरकारी व्यवस्था और दस्तावेज सत्यापन प्रक्रिया के साथ गंभीर छेड़छाड़ है।
पुलिस ने शुरू की जांच
एसपी के आदेश पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में FIR दर्ज कर ली है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस गिरोह ने अब तक कितने फर्जी दस्तावेज तैयार किए और इसमें और कौन-कौन लोग शामिल हैं।




