आगरा में कोचिंग संचालक की आग में जलकर मौत, भाई-भांजी भी लापता; पड़ोसी समझते रहे हवन का धुआं
घर में अकेले थे 70 वर्षीय विनय बोस, सुबह दरवाजा तोड़ने पर बेड पर मिला जला हुआ शव; पुलिस शॉर्ट सर्किट की आशंका के साथ अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।

आगरा के सेक्टर-10 में शनिवार रात एक मकान में आग लगने से 70 वर्षीय कोचिंग संचालक विनय बोस की जलकर मौत हो गई। रविवार सुबह करीब 8 बजे कामवाली ने दरवाजा खटखटाया, लेकिन अंदर से कोई जवाब नहीं मिलने पर मकान मालिक को सूचना दी। इसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और दरवाजा तोड़कर अंदर प्रवेश किया तो बेड पर विनय बोस का जला हुआ शव मिला। विनय मूल रूप से जगदलपुर, छत्तीसगढ़ के रहने वाले थे और फरवरी 2026 से अपने छोटे भाई सुनील बोस के साथ किराए के मकान में रह रहे थे। दोनों भाई इसी मकान में न्यू साईं एजुकेशन ट्यूशन एकेडमी चलाते थे, जहां इंग्लिश स्पीकिंग समेत अन्य विषयों की कोचिंग दी जाती थी। घटना के समय विनय घर में अकेले थे, जबकि उनका छोटा भाई सुनील रक्षाबंधन के चलते आगरा से बाहर गया हुआ था। इस मामले में एक और बात ने पुलिस की जांच को महत्वपूर्ण बना दिया है—पड़ोसियों के मुताबिक एक महिला सुबह-शाम दोनों भाइयों के लिए टिफिन लेकर आती थी और दोनों उसे अपनी भांजी बताते थे, लेकिन शनिवार शाम के बाद से वह भी दिखाई नहीं दी। शनिवार रात करीब 10 बजे मकान से धुआं निकलता दिखाई दिया था, लेकिन पड़ोसियों ने इसे पूजा-पाठ या हवन का धुआं समझकर गंभीरता से नहीं लिया। बाद में सुबह जब घर खोला गया तो अंदर आग लगने से विनय की मौत का पता चला। पुलिस की प्रारंभिक जांच में शॉर्ट सर्किट से आग लगने की आशंका जताई गई है, लेकिन फॉरेंसिक जांच और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के आधार पर अन्य संभावनाओं की भी पड़ताल की जा रही है। पुलिस सुनील बोस और महिला के बारे में भी जानकारी जुटा रही है। फिलहाल घटना को लेकर कई सवाल बने हुए हैं और पुलिस आग लगने के वास्तविक कारण का पता लगाने में जुटी है।




