ओलंपियन विनेश फोगाट के WFI विवाद पर सियासी बयान तेज
कुमारी सैलजा बोलीं- जिस जगह आरोप लगे, वहीं टूर्नामेंट कराना असंवेदनशील

कुमारी सैलजा ने कहा कि जिस संस्था और स्थान पर महिला पहलवानों के शोषण जैसे गंभीर आरोप लगे हों, वहीं पर प्रतियोगिता कराना बेहद असंवेदनशील निर्णय है। उन्होंने कहा कि यह खिलाड़ियों की सुरक्षा और देश की बेटियों के सम्मान के साथ समझौता जैसा है।
महिला खिलाड़ियों की सुरक्षा पर उठे सवाल
सैलजा ने कहा कि विनेश फोगाट द्वारा उठाई गई आवाज केवल एक खिलाड़ी की नहीं, बल्कि पूरे देश की महिला खिलाड़ियों की आवाज है। उन्होंने आरोप लगाया कि जब अंतरराष्ट्रीय स्तर की खिलाड़ी को अपनी सुरक्षा पर सवाल उठाने पड़ें, तो यह व्यवस्था की गंभीर विफलता को दर्शाता है।
उन्होंने केंद्र सरकार से मांग की कि महिला खिलाड़ियों की सुरक्षा और गरिमा सुनिश्चित करने के लिए ठोस और पारदर्शी कदम उठाए जाएं तथा मामले की निष्पक्ष जांच हो।
कोर्ट में चल रहा मामला
सैलजा ने कहा कि साल 2023 में कई महिला पहलवानों ने बृजभूषण शरण सिंह पर यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए थे, जिनका मामला अभी कोर्ट में विचाराधीन है। इसी दौरान पहलवानों ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर लंबे समय तक प्रदर्शन भी किया था।
टूर्नामेंट स्थल पर असहजता का मुद्दा
उन्होंने कहा कि जिन स्थानों से विवाद जुड़ा रहा है, वहां महिला पहलवानों का जाकर खेलना आसान नहीं होता। ऐसे माहौल में प्रतियोगिता आयोजित करना मानसिक रूप से खिलाड़ियों पर दबाव डाल सकता है।
विनेश फोगाट ने पहले जताई थी असमर्थता
इससे पहले विनेश फोगाट ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर कहा था कि गोंडा में होने वाले कुश्ती टूर्नामेंट में उनका हिस्सा लेना मुश्किल होगा क्योंकि मामला कोर्ट में चल रहा है और वे वहां अपना 100% प्रदर्शन नहीं कर पाएंगी।




