सिरसा में शिवपुरी विवाद पर सियासत गरम, कपिल सरावगी के बयान पर भड़के गोबिंद कांडा
सिरसा में शिवपुरी विवाद पर सियासत गरम, कपिल सरावगी के बयान पर भड़के गोबिंद कांडा

सिरसा। सिरसा में शिवपुरी को लेकर भाजपा नेता गोबिंद कांडा और कांग्रेस नेता कपिल सरावगी के बीच विवाद अब राजनीतिक बयानबाजी से आगे बढ़कर सामाजिक स्तर पर भी चर्चा का विषय बन गया है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार कपिल सरावगी के एक बयान को लेकर गोबिंद कांडा ने कड़ी आपत्ति जताई और अग्रवाल समाज के बीच आयोजित कार्यक्रम में मंच से तीखी प्रतिक्रिया दी। गोबिंद कांडा ने कहा कि राजनीति में एक-दूसरे के खिलाफ आरोप-प्रत्यारोप किए जा सकते हैं और राजनीतिक मतभेद अपनी जगह हैं, लेकिन धार्मिक आस्था और धर्म से जुड़े विषयों पर गलत टिप्पणी स्वीकार नहीं की जा सकती। उन्होंने सरावगी परिवार के बहिष्कार की बात कहते हुए समाज के लोगों से उनके शिवपुरी में प्रवेश को रोकने का आह्वान भी किया। शिवपुरी से जुड़े इस विवाद के बाद सिरसा की राजनीति में बयानबाजी तेज हो गई है और दोनों पक्षों के समर्थकों के बीच भी इसे लेकर चर्चा हो रही है। विवाद का केंद्र शिवपुरी से जुड़े कथित बयान और उसके धार्मिक भावनाओं पर प्रभाव को लेकर उठी आपत्ति है। कांडा ने कहा कि धार्मिक स्थलों और धार्मिक भावनाओं का सम्मान सभी को करना चाहिए तथा ऐसे मामलों को राजनीतिक विवाद का रूप नहीं दिया जाना चाहिए। दूसरी ओर, इस पूरे मामले में कपिल सरावगी या कांग्रेस की ओर से विस्तृत प्रतिक्रिया सामने आने के बाद ही विवाद के दोनों पक्षों का पूरा पक्ष स्पष्ट हो सकेगा। फिलहाल शिवपुरी को लेकर शुरू हुआ यह विवाद सिरसा में राजनीतिक और सामाजिक चर्चा का प्रमुख विषय बना हुआ है।




